Above News Title

बुडुक चिन्हा

बुडुक चिन्हा

अझकल कुछ डिनसे हुइल
बरा बरा लालच डेखाके
अइठा ओकर मोल लगाइ
कठाँ इहि संग्रहालयमे ढारब

नाहि फुरे कठाँ
कौनो फाइब स्टार
होटलमन सजाब
कोइ टे कहठ यकर साँचो निकारके
बरवार मुर्टि बनाब
कोइ टे अभिन का कहठ ?
इहि विश्व भ्रमण कराब

मंगली गझिनसे हेरठ
उ चीज
फुरे बरे गझिनसे
ओ सम्झठ
अपन बाल्यकाल
ओ सम्झठ अपन घरक
उत्तर पाँजर रलक डेहुरार
एकडिन उ बुडुहे पुछ्ले रहे–
बुडु, इ घोरुवक
मुँरि कहाँ गैलिस् ना ?
अरि नटिन्या लराइ करेबेर
फुट गैलिस
मंगली फटाकसे पुछठ–
बुडु माटिक घोरुवा कुल
लराइ करे सेकठ ?
इ मारे माटिक घोरुवा
किल ठोरि न हो
इ टे हमार डेउँटा
हुइट रि
टै नैजर्मल रहिस टबे
राटके पख्ना डारके
डुस्मनसँगे लरे जाइट
टब फेन इहें आके
सक्करहि बैठ जाइट

अइ डाइ रि !
बुडु टब आउर कहाँ कहाँ
जाइट ना उरके ?
इ..यहाँ यहाँ जाइट कहिके
बुडु मंगलीहे गुड्गुड्वा डिँट
मंगली फुरे खिट्का छोरके हाँसे
पुरा गाउँ चैनार कैना मेरके
खिट...खिट...खिट...खिट...

आझ फेन बिना पट्टिक
हाँसटा उ खिस्सैक हाँसी
हेरटि बा उल्टा बिल्टा 
उहे एकठो चीज
बरबरैटि कहे लागल

उ डिन का करे
नैअइलो लरे ?
जब जिम्डरवा
कमैया बनाइल
हमार उठिबास लगाइल
हमारे सम्पत्ति
अपन नाउँ कराइल
सुन्ना ठप ठप
रिन भिराइल
पुस्तौनीसम सौँकी टिराइल
ओ हमार सारा भौकी
छुछ्छे कराइल
हमार मन्द्रा
डेहरी, कुठली फुटाइल
खोंगिया मनिक मच्छिहस बझाइल

गिरे लग्ठिस मंगलिक आँस
जैसिक बुडु गिरैले रहिट
खुँटि पकरले
टबे नैसेक्के बुडु बाँधे
आसँक पोकरि
बन्हेले रहिँट अपन
सम्झनाको मोटरि

भुखे प्यासे जाइबेर बुह्रान
लैलेठाँ बुडु उहें परान

बटिस बाँकी अभिन
उहे ढुमिल सम्झना
अपन घर, गाउँ अंगना
कहाँ बिसरैला बा झे उ
बुडुक सुनाइल मैना, सजना 

नैबिसराइ उ कबो
बुडुक कलक
अरि मोर नटिन्या मंगली
टैँ फेन लरिस
पख्ना डारके उरिस
छोरके अपन बसेरा
भोभ्भाइल बा मोर छाटि
ना छोरिस रि कबो अपन माटि

आझ ओकर ठेन बटिस
सालोसे बरे सजोग लगाके ढैलक
बुडुक डेहल एकठो चिन्हा
उहे माटिक घोरुवा ।
माटिक घोरुवा ।।

 

लमही नगरपालिका–४, 
छुटकी घुम्ना, दाङदेउखुरी
लुम्बिनी प्रदेश
सम्पर्कः ९८४३४५६९२७


 

प्रकाशित:

४ दिन अगाडि

|

१९ जेठ २०८३

रेशम चौधरीको उम्मेदवारी विरुद्ध उजुरी किन ?
रेशम चौधरीको उम्मेदवारी विरुद्ध उजुरी किन ?

१३३३ दिन अगाडि

|

२५ असोज २०७९

डा. केआई सिंहको बिर्तावाल ‘गुलयारी’ : थारू उपर कहिल्यै नमेटिने ती घाउहरू
डा. केआई सिंहको बिर्तावाल ‘गुलयारी’ : थारू उपर कहिल्यै नमेटिने ती घाउहरू

१३६८ दिन अगाडि

|

२१ भदौ २०७९

स्वतन्त्रहरु अनि नागरिक उन्मुक्ति पार्टीको उदयको दस्तक
स्वतन्त्रहरु अनि नागरिक उन्मुक्ति पार्टीको उदयको दस्तक

१३७८ दिन अगाडि

|

१२ भदौ २०७९

‘रेशम रक्तबीज हो, एक रेशमको उमेदवारी खारेजले हजार रेशम जन्मिन्छन्ः’ हिमाञ्चल भट्टराई
‘रेशम रक्तबीज हो, एक रेशमको उमेदवारी खारेजले हजार रेशम जन्मिन्छन्ः’ हिमाञ्चल भट्टराई

१३३३ दिन अगाडि

|

२६ असोज २०७९

टीकापुर घटनाको मुद्दा फिर्ता नलिइए नागरिक उन्मुक्तिका सांसदले शपथ नलिने 
टीकापुर घटनाको मुद्दा फिर्ता नलिइए नागरिक उन्मुक्तिका सांसदले शपथ नलिने 

१२८२ दिन अगाडि

|

१५ मंसिर २०७९

रातीसम्म नाचगान गरेको भन्दै टीकापुर प्रहरीबाट जानकीका ३ जनालाई पक्राउ
रातीसम्म नाचगान गरेको भन्दै टीकापुर प्रहरीबाट जानकीका ३ जनालाई पक्राउ

१३३८ दिन अगाडि

|

२० असोज २०७९

टीकापुर घटना राज्यसत्ताले चलाखीपूर्ण रूपमा घटाएको घटना होः मोहना अन्सारी
टीकापुर घटना राज्यसत्ताले चलाखीपूर्ण रूपमा घटाएको घटना होः मोहना अन्सारी

१२७१ दिन अगाडि

|

२७ मंसिर २०७९